§ 12.2NCERT कक्षा 11 · भौतिकी · अध्याय 12
आदर्श गैस द्वारा आरोपित दाब का निगमन एवं ताप की अणुगतिक व्याख्या
यांत्रिक संबंध: गैस का दाब वास्तव में गैस के अणुओं द्वारा पात्र की दीवारों से होने वाली निरंतर, पूर्णतः प्रत्यास्थ टक्करों का स्थूलदर्शी परिणाम है।
1. गैसों के अणुगति सिद्धांत की मूल अभिधारणाएं
- प्रत्येक गैस अत्यंत सूक्ष्म, दृढ़, पूर्णतः प्रत्यास्थ गोलाकार कणों से बनी होती है जिन्हें अणु कहते हैं।
- अणुओं का वास्तविक आयतन, गैस द्वारा घेरे गए कुल आयतन की तुलना में नगण्य होता है।
- अणु सभी संभव दिशाओं में सभी संभव चालों से निरंतर यादृच्छिक (अनियमित) गति करते रहते हैं।
- अणुओं के मध्य परस्पर कोई आकर्षण या प्रतिकर्षण बल कार्य नहीं करता (टक्कर के क्षण को छोड़कर)।
- अणुओं की परस्पर एवं पात्र की दीवारों से टक्करें पूर्णतः प्रत्यास्थ होती हैं (गतिज ऊर्जा एवं संवेग संरक्षित रहते हैं)।
- दो क्रमागत टक्करों के बीच लगा समय, टक्कर के समय की तुलना में अत्यंत अधिक होता है।
- अणुओं की अत्यधिक चाल तथा नगण्य द्रव्यमान के कारण उन पर गुरुत्वाकर्षण का प्रभाव नगण्य माना जाता है।
2. आदर्श गैस द्वारा आरोपित दाब का निगमन
माना L भुजा वाले एक घनाकार पात्र में N अणु हैं, जिनमें प्रत्येक का द्रव्यमान m है।
- एक अणु जिसका वेग घटक (vx, vy, vz) है, x-अक्ष के लंबवत दीवार से टकराता है।
- प्रत्येक टक्कर में संवेग में परिवर्तन: Δpx = (−mvx) − (mvx) = −2mvx।
- दीवार को स्थानांतरित संवेग = +2mvx।
- उसी दीवार से दो क्रमागत टक्करों के बीच समयांतराल: Δt = 2L / vx।
- एक अणु द्वारा दीवार पर आरोपित बल = Δp / Δt = (2mvx) / (2L / vx) = m vx2 / L।
- सभी N अणुओं द्वारा दीवार पर कुल बल: F = (m / L) · Σ vix2।
- चूंकि आण्विक गति समदैशिक (Isotropic) है: 〈vx2〉 = 〈vy2〉 = 〈vz2〉 = (1/3) 〈v2〉।
- अतः दीवार पर दाब P = F / क्षेत्रफल = F / L2:
P = (1/3) · (N · m / V) · 〈v2〉 = (1/3) · ρ · vrms2
जहां ρ = (N · m) / V गैस का घनत्व है तथा vrms = √〈v2〉 वर्ग-माध्य-मूल चाल है।
3. परम ताप की अणुगतिक व्याख्या
दोनों पक्षों को आयतन V से गुणा करने पर:
P · V = (1/3) · N · m · vrms2 = (2/3) · [ N · (1/2 m vrms2) ] = (2/3) · Etotal
जहां Etotal गैस की कुल स्थानांतरीय गतिज ऊर्जा है। आदर्श गैस समीकरण P · V = N · kB · T से तुलना करने पर:
(2/3) · Etotal = N · kB · T ⇒ Etotal = (3/2) · N · kB · T
| भौतिक राशि | सूत्र | भौतिक निष्कर्ष |
|---|---|---|
| प्रति अणु औसत स्थानांतरीय गतिज ऊर्जा | 〈Ek〉 = (3/2) kB T | यह केवल और केवल परम ताप T पर निर्भर करती है; गैस की प्रकृति या आण्विक द्रव्यमान से सर्वथा स्वतंत्र है! |
| प्रति मोल औसत स्थानांतरीय गतिज ऊर्जा | Emolar = (3/2) R T | समान ताप पर किसी भी गैस के 1 मोल की स्थानांतरीय गतिज ऊर्जा सर्वदा समान होती है। |
| μ मोल गैस की कुल गतिज ऊर्जा | Etotal = (3/2) μ R T | मोलों की संख्या μ तथा परम ताप T के अनुक्रमानुपाती होती है। |
परम शून्य ताप (0 K = −273.15 °C): वह सैद्धांतिक न्यूनतम ताप है जिस पर गैस के अणुओं की समस्त स्थानांतरीय गतिज ऊर्जा शून्य हो जाती है तथा आण्विक गति पूर्णतः समाप्त हो जाती है।
4. ऊर्जा घनत्व के पदों में गैस का दाब
प्रति एकांक आयतन स्थानांतरीय गतिज ऊर्जा (ऊर्जा घनत्व u = E / V) के रूप में:
u = (3/2) · P ⇒ P = (2/3) · u
किसी आदर्श गैस का दाब उसके स्थानांतरीय गतिज ऊर्जा घनत्व के दो-तिहाई के बराबर होता है।
आपकी प्रगति
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